Home Maharashtra सरकारी मेडिकल कॉलेज के लिए अवाम ने निकाला मूक मोर्चा।

सरकारी मेडिकल कॉलेज के लिए अवाम ने निकाला मूक मोर्चा।

 

सैय्यद जाकिर 

जिल्हाप्रतिनिधी वर्धा।

हिगनघाट: शहर की अवाम ने सरकारी मेडिकल कॉलेज के लिए मूक मोर्चा निघाला था।जिसका शुभारंभ डॉ.बाबा साहेब आम्बेडकर चौक से हुआ।

           29 मार्च बुधवार के दिन सुबह साडेदस बजे दोसौ से तीन सौ की संख्या सामान्य जनता सरकारी मेडिकल कॉलेज की माँग को लेकर मूक मोर्चा तहसील कार्यालय पहुँचा।

      निवेदन में सरकारी मेडिकल कॉलेज हिंगणघाट शहर में होना अतिआवश्यक है।शहर के 50 किलो मीटर के रेडियस एरिया में रहने वाली जनता इसका लाभ मिलेगा।

       बेरोजगारी दूर होंगी,व्यापार बढेगा,सबसे अहैम बात यह है कि यहां ईलाज की उतनी सुविधा नही है जितनी होनी चाहिए। यहॉं की अवाम को ईलाज के लिए ,नागपुर,वर्धा,सेवाग्राम, सावंगी जाना पड़ता है।

      जिसमे काफी पैसो का खर्च होता है।गम्भीर समस्याओ का निवारण तभी होगा जब सरकारी मेडिकल कॉलेज यहां होंगी।इस गम्भीर समस्या को लेकर तहसीलदार सतीश मासाड़ को निवेदन दिया गया। जिसमें रूपेश लाजुरकर,जगदीश वांदिले, पडवे सर,जितेंद्र केदार सर, पराग मुड़े, सातपुते सर, महेश अग्रवाल, इनायत खान,रोशन दागा,आदि थे। राजनीति के बाशिंदों में अनिल जवादे ने कहा कि शहर की जनता के प्रति नेताओ की आत्मीयता,स्नेह समस्याओ के प्रति जिम्मेदारी नही है।

      विगत 25 वर्षों में यहाँ एक पॉलिटेक्निक कॉलेज भी नही आई।यह हमारे आमदारो की अक क्षमता दिखाई देती है। विठ्ठल गुडघाने ने अपने शब्दों में कहा कि यह शुरुवात है।इसमें सामान्य जनता प्रथम है और उनके साथ राजनीति पार्टियों का सहयोग है हमारे आंदोलन में रुकावट आने पर हम आंदोलन त्रिव गति से करेंगे।यहां से मरीजो को दूसरे शहर ले जाते समय बीच रास्ते मे ही मरीज दम तोड़ देता है।इसलिए मेडिकल कॉलेज यहाँ आना ही चाहिये।राजनीति के बाशिंदों में प्रा.राजू भाऊ तिमांडे,अतुल वांदिले,अनिल जवादे,विठ्ठल गुडघाने, पंढरी कापसे,नवल बाबू मांधनिया,राजेन्द्र डागा, राजू खुपसरे,सतीश धोबे,अनिल भोगाड़े, महिलाएं,आदि का समावेश था।इस मोर्चे का नेतृत्व सामान्य जनता ने किया है।